पठानकोट हमले को अंजाम देकर आतंक के आकाओं के पैर शायद सातवें आसमान पर हैं. उन्होंने शायद पठानकोट जैसे दूसरे हमलों का भी मंसूबा पाल रखा है. लेकिन इंसान के भेष में घूम रहे इन राक्षसों को नहीं पता कि भारत इनकी गीदड़ भभकियों से नहीं डरने वाला. सरकार और हमारी सुरक्षा एजेंसियां इस कोशिश में जुटी हैं कि आतंकियों के मंसूबे नाकाम हों और आतंकी पठानकोट जैसे हमले को अंजाम देने के बारे में सोच भी ना पाएं.

हमले के लिए पाकिस्तान से पठानकोट पहुंचे आतंकी एयरफोर्स स्टेशन की दीवार फांदकर एयरबेस में घुसे थे. एयरफोर्स स्टेशन में कोई गद्दार भी मौजूद था, क्योंकि जांच एजेंसियों के सूत्र बताते हैं कि दीवार पर लगी कंटीली तारों को एयरफोर्स स्टेशन के भीतर से काटा गया था. लेकिन आगे से शायद ऐसा नहीं हो पाएगा. एयरफोर्स ने फैसला किया है कि पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन परिसर की सुरक्षा के लिए अत्याधुनिक उपकरण लगाए जाएंगे.

पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन में नए किस्म के सिक्योरिटी सिस्टम लगाए जाएंगे. इसके अलावा ड्रोन कैमरों से एयरफोर्स स्टेशन की निगरानी की जाएगी. यहां क्वाडकॉप्टर्स का भी इस्तेमाल किया जाएगा. क्वाडकॉप्टर्स मल्टीरोटेटर हेलीकॉप्टर होते हैं. इतना ही नहीं सुरक्षा के लिए थर्मल इमेजर्स भी इस्तेमाल किए जाएंगे. इसके साथ ही भारत और पाकिस्तान सीमा से लगे करीब 54 एयरबेसों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं.

कोई रिस्क नहीं लेना चाहती है भारत सरकार
जम्मू-कश्मीर में पाक सीमा पर बाड़े लगाने वाली BEL को एयरबेसों के चारों तरफ कंटीले तार लगाने के निर्देश दिए गए हैं. एयरफोर्स की सुरक्षा में तैनात वायुसेना पुलिस को सेना और अर्द्धसैनिक बलों के साथ रेगुलर ट्रेनिंग दी जाएगी. सुरक्षा में अब ज्यादा गार्ड तैनात किए जाएंगे.पठानकोट हमले के बाद एयरबेस की सुरक्षा सरकार के लिए सबसे बड़ी चुनौती बन गई है. सरकार कोई रिस्क नहीं लेना चाहती. सांसदों का एक दल हालात का जायजा लेने जा रहा है.

संदिग्ध को देखते ही गोली मारने के आदेश जारी
उधर, लश्कर का मुखिया हाफिज सईद बिना रोक टोक पीओके में घूम रहा है. मुजफ्फराबाद में रैली कर रहा है. कश्मीर का नाम ले लेकर अपनी नापाक जुबान से भारत के खिलाफ जहर उगल रहा है. उसने धमकी दी है कि ये बात पठानकोट से आगे जाएगी. आतंक के आकाओं के नापाक मंसूबों को नाकाम करने के लिए भारत सरकार और सुरक्षा एजेंसियां चौकस हैं. एयरफोर्स स्टेशनों पर किसी भी संदिग्ध को देखते ही गोली मारने के आदेश जारी किए गए हैं.

एयरफोर्स स्टेशन पर फोटोग्राफी कर रहे थे कश्मीरी
बिहार के दरभंगा में एयरफोर्स स्टेशन के करीब चार संदिग्ध युवक धरे गए हैं. चारों जम्मू-कश्मीर के रहने वाले थे. दरभंगा एयरफोर्स स्टेशन के भीतर बने केंद्रीय विद्यालय के करीब फोटोग्राफी कर रहे थे. दरभंगा वो जगह है जहां कभी इंडियन मुजाहिदीन का मॉड्यूल एक्टिव हुआ करता था. लिहाजा जांच एजेंसियों ने बिना देर किए सवाल दागे कि आखिर उन्होंने वैसी जगह की तस्वीरें कैमरे में कैद करने की जुर्रत क्यों की जहां फोटो खिंचने की पाबंदी है.airforce-s_650_020416092125

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