नई दिल्ली: भ्रष्टाचार और महंगाई को लेकर केन्द्र की नरेन्द्र मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने गुरुवार को कहा कि उनकी पार्टी इसका ‘पर्दाफाश’ करेगी। अपने निर्वाचन क्षेत्र के दो दिवसीय दौरे पर यहां पहुंचीं सोनिया ने मोदी सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए अपने पार्टी कार्यकर्ताओं से इसके खिलाफ बड़ा आंदोलन खड़ा करने की अपील की। सोनिया ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार गरीबों की आवाज नहीं सुन रही है।

कांग्रेस की विज्ञप्ति में सोनिया के हवाले से कहा गया कि मोदी सरकार भ्रष्टाचार पर बड़े दावे करती है, लेकिन वह मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ और गुजरात के भ्रष्टाचार को नहीं देख पाती। कांग्रेस पार्टी ऐसी सरकार का पर्दाफाश करेगी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं को इसके लिए तैयार रहना चाहिए। सोनिया ने कहा कि मोदी सरकार बढ़ती महंगाई और किसानों की बुरी स्थिति को समझने में विफल रही है। ये सरकार सिर्फ पूंजीपतियों के करोडों रुपये के कर्ज को माफ करने की योजना तैयार कर रही है।

उन्होंने कहा कि संप्रग सरकार कई कल्याण योजनाएं लाई थी, जिनमें मनरेगा और सुरक्षित मातृत्व शामिल हैं और इनकी सराहना विश्व बैंक ने भी की है, लेकिन मोदी सरकार ऐसे कार्यक्रमों की अनदेखी कर रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में कमी का फायदा जनता को नहीं मिल रहा है। सोनिया ने कहा कि जीवन रक्षक दवाओं की कीमत में भी कई गुना बढ़ोतरी की गई है। इससे साबित होता है कि मोदी सरकार को गरीबों की कोई चिन्ता नहीं है।

केन्द्र सरकार की नीतियों के खिलाफ संघर्ष के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं की सराहना करते हुए सोनिया गांधी ने जोर देकर कहा कि इस आंदोलन को और गति देने की आवश्यकता है। अपने निर्वाचन क्षेत्र में किए गए कार्यों की चर्चा करते हुए सोनिया ने कहा कि यदि कोई बाधा आती है, तो सब मिलकर संघर्ष करेंगे। सोनिया के साथ बैठक में शामिल रहे कांग्रेस के एक पदाधिकारी ने बताया कि फुरसतगंज हवाई पट्टी पर उतरने के बाद वह राही ब्लॉक के संगी नागिन गांव गईं और गांव वालों की समस्याएं सुनीं।

पास के गांव सरदार का पुरवा में सोनिया ने चौपाल लगाई। स्थानीय लोगों ने मनरेगा, आवास, बिजली और पानी से जुड़ी समस्याएं सोनिया के समक्ष रखीं। रूकुनपुर और पहरेमउ गांवों में भी वह लोगों से मिलीं। पदाधिकारी ने बताया कि अमावां स्थित झारखंडेश्वर मंदिर में सोनिया ने मत्था टेका। इस मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए सांसद निधि से सोनिया ने 35 लाख रुपये दिए थे। अमावां के ही प्राथमिक विद्यालय के बच्चों को सोनिया से मुलाकात का मौका मिला।

उन्होंने बताया कि सोनिया जिलाधिकारी सूर्यपाल गंगवार के आवास गईं और उनकी पत्नी के आकस्मिक निधन पर शोक प्रकट किया। गुरू सिंह सभा के अध्यक्ष वरिष्ठ वकील लाभसिंह मोंगा के बेटे, मुनव्वर राणा की मां और स्वतंत्रता सेनानी इंद्रासन सिंह के निधन पर भी उनके घरों पर जाकर सोनिया ने परिजनों को ढाढस बंधाया। पदाधिकारी का कहना था कि भूएमऊ गेस्ट हाउस में सोनिया ने पार्टी पदाधिकारियों की बैठक की। नरेन्द्र मोदी सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए सोनिया ने कार्यकर्ताओं से इसके खिलाफ बड़ा आंदोलन खडा करने की अपील की।

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