जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय की सेंट्रल लाइब्रेरी की वेबसाइट मंगलवार को हैक कर ली गई, जिसपर यह संदेश दिखा, आपको लगता है कि आप महज जेएनयू परिसर में कश्मीर का मुद्दा उठाकर उसे हासिल कर लेंगे।

वेबसाइट हैक करने का यह मामला संसद पर हमले के दोषी अफजल गुरू की फांसी और कश्मीरी प्रवासियों के संघर्ष में एकजुटता दिखाने के मकसद से विश्वविद्यालय के साबरमती ढाबा पर आयोजित एक कार्यक्रम से उपजे विवाद की पष्ठभूमि में सामने आया है।

वेबसाइट के ब्लैक ड्रैगन द्वारा हैक किए जाने का दावा किया गया। वेबसाइट पर यह संदेश दिखा, जैसा कि आप कहते हैं कश्मीर की आजादी तक जंग रहेगी-जंग रहेगी, तो आपको लगता है कि महज जेएनयू परिसर में कश्मीर का मुद्दा उठाकर आप इसे हासिल कर लेंगे।

विश्वविद्यालय के पुस्तकालय के अधिकारियों ने बताया, कामकाज का समय खत्म होने के बाद वेबसाइट हैक होने का पता चला। मामले के बारे में विश्वविद्यालय के आईटी विभाग को सूचित कर दिया गया है और इसे दूर करने के उपय किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया, इस संबंध में कोई आधिकारिक शिकायत नहीं की गई है।

संदेश में जो नारे दिख रहे हैं उन्हें नौ फरवरी को विश्वविद्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कथित रूप से बोला गया था और इस संबंध में छात्र संघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार को देशद्रोह के मामले में गिरफ्तार किए जाने के कारण छात्रों के बीच जबरदस्त आक्रोश है तथा गैर भाजपा पार्टियां इसकी आलोचना कर रही हैं।

विश्वविद्यालय की सेंट्रल लाइब्रेरी की वेबसाइट पर 72 ऑनलाइन डाटाबेस, पुस्तकालय सूची, 20,000 इलेक्ट्रोनिक शोध और लघु शोध प्रबंध, आठ लाख डिजिटल प्रेस क्लिपिंग, 100 देशों से 57 भाषाओं में 2,300 ई-समाचार पत्र और दो लाख से अधिक ई-पुस्तकें तथा सभी ई-पत्रिकाएं उपलब्ध हैं।jnu-17-02-2016-1455675848_storyimage

LEAVE A REPLY