नवीन कुमार /नई दिल्ली :-आप माने या ना माने लेकिन ये दिल्ली के नजफगढ़ जो पहले कभी जामगढ़ हुआ करता था , का सच है कि नजफगढ़ फिरनी में सबसे ज्यादा चालान वाहन चालको के इसलिए काटे जाते है ,क्योंकि वो नियमो को ताक़ पर रखते है हालात इतने बदतर हो जाते है कि ट्रैफिक पुलिस यायायात नियमो को छोड़कर ये देखने में लग जाती है कि कितने वाहन चालक रोंग साइड से आ रहे है यही वजह है की इनकी तादाद ज्यादा होने से इनका चालान ट्रैफिक पुलिस काटती बस काटती रहती है इन्ही सब में ट्रैफिक ड्यूटी समाप्त हो जाती है ऐसा ट्रैफिक पुलिस ने बताया आज से करीब दो वर्ष पहले नजफगढ़ फिरनी को डी सी पी ट्रैफिक सर्वे के अंतर्गत लाया गया इसका परिणाम बहुत बेहतरीन आया ट्रैफिक पुलिस के अनुसार अब जाम नहीं लगता हां एक सार्वजनिक पार्किंग की समस्या बहुत विकराल है पूरे नजफगढ़ में कही भी कोई भी सरकारी पार्किंग नहीं जिससे की आम जनता अपने वाहनों को पार्क कर सके वर्ष 2018 के अंत तक नजफगढ़ में मेट्रो आ जायेगी जिससे नजफगढ़ ट्रैफिक को बड़ी राहत मिलेगी इस नजफगढ़ फिरनी को तीन वर्ष पहले लोगो ने जाम गढ़ कहना शुरू कर दिया था अब हालत बेहतर है अब जाम ना के बराबर लगता है वार त्यौहार को के सिवाय यह जाम नहीं लगता है समस्या रोंग साइड की है उसको भी जनता की अमल में कैसे लाया जाए सोचा जा रहा है ऐसा नजफगढ़ ट्रैफिक पुलिस ने बताया

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