लार (देवरिया) विकासखंड लार के अंतर्गत कई गांव के किसान नीलगायों आतंक से बहुत ही परेशान है कारण यह है कि घाघरा और छोटी गंडक नदी के बीच में बसा हुआ इसी कारण क्षेत्र सबसे ज्यादा संख्या नीलगायों की है वर्तमान समय में गेहूं की लहलहाती फसलें जिसे देख कर एक तरफ किसान प्रफुल्लित हो रहै है तो दूसरी तरफ नीलगायों कारण खड़ी फसलें बर्बाद हो रही हैं,खड़ी फसलो के बीच दौड़ दौड़ कर अत्यधिक नुकसान पहुँचा रही है। जिससे किसानों के ललाट पर चिंता की लकीरें आना स्वाभाविक है विकासखंड के चौमुखा, उकीना, नदौली, हाटा, पटना,कौसड़ इत्यादि गांवों के बीच गेहूं की फसलें इन आवारा पशुओं के कारण फसलें बर्बाद हो रही है। किसान दीनानाथ तिवारी, पवन तिवारी, कोमल यादव ,कल्पनाथ प्रसाद ,राकेश दुबे इत्यादि का कहना है कि नीलगायों का यदि समुचित व्यवस्था सरकार की जिम्मेदारी है। अगर ऐसा नही होता है तो मजबूरन खेती करना बन्द ही करना पड़ेगा।

सुनामी एक्सप्रेस तहसील रिपोर्टर सलेमपुर

पप्पू बाबा

 

LEAVE A REPLY