गुरु-शिष्य परम्परा का प्रतीक ‘गुरु पूर्णिमा’ पर्व पतंजलि योगपीठ के संस्थापक अध्यक्ष स्वामी रामदेव और महामंत्री आचार्य बालकृष्ण के सान्निध्य में पतंजलि वैलनेस, योगपीठ-2 स्थित योगभवन ऑडिटोरियम में आस्था और समर्पण के साथ मनाया गया. कार्यक्रम में स्वामी रामदेव, आचार्य बालकृष्ण ने एक-दूसरे को माला पहनाकर गुरु पूर्णिमा पर्व की शुभकामनाएं दी.
इस अवसर पर स्वामी रामदेव ने कहा कि गुरु पूर्णिमा सनातन धर्म को युग धर्म के रूप में स्थापित करने का पर्व है. यह भारत की गौरवशाली गुरु-शिष्य परम्परा, ऋषि परम्परा, वेद परम्परा व सनातन परम्परा का परिचायक तथा इनको पूर्णता प्रदान करने वाला पर्व है. उन्होंने कहा कि वेद, ऋषि और गुरु धर्म में राष्ट्र धर्म भी समाहित हैं. उन्होंने पतंजलि विवि के विद्यार्थियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आपको ऋषित्व और देवत्व में जीना हैं, इसी से जगत में नयी क्रांति का संचार होगा.
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