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चतरा में खूनी संघर्ष: वर्चस्व को लेकर भिड़े प्रतिबंधित संगठनों के दस्ते, आपसी गोलीबारी में दो की मौत

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झारखंड के चतरा जिला के कुंदा थाना क्षेत्र में रविवार की देर रात नक्सलियों के दो गुट के बीच वर्चस्व की लड़ाई और आपसी मतभेद इस कदर बढ़ा कि दोनों गुटों के सदस्यों ने एक दूसरे पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी. भीषण गोलीबारी में, प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन टीएसपीसी (TSPC) के दो पूर्व नक्सलियों की मौत हो गई है. जबकि दो अन्य गोलीबारी में गंभीर रूप से घायल हुए हैं. जिन्हें बेहतर इलाज के लिए चतरा जिला से रांची के रिम्स हॉस्पिटल में रेफर किया गया है.

हिंसक झड़प और गोलीबारी में मारे गए एक नक्सली की पहचान, टीएसपीसी संगठन से जुड़े टॉप कमांडर रहे देवेन्द्र गंझू के रूप में की गई है. जिस पर अलग-अलग पुलिस थाना में कुल 36 गंभीर अपराध के मामले दर्ज थे. वही दूसरे मृतक की पहचान चुरामन गंझू के रूप में की गई है. जबकि इस भीषण गोलीबारी में श्याम भोक्ता उर्फ डीसी और उसका रिश्तेदार (साला) ब्रह्मदेव भोक्ता उर्फ गोपाल गंभीर रूप से घायल हुए हैं. जिन्हें बेहतर इलाज के लिए चतरा से राजधानी रांची के रिम्स अस्पताल रेफर किया गया है. खूनी संघर्ष औऱ गोलीबारी में घायल श्याम भोक्ता एनआईए (NIA) के अभियुक्त है.

जानकारी के मुताबिक घटना रविवार की देर रात की है जो कि झारखंड के चतरा जिला के कुंदा थाना क्षेत्र के गेंद्रा गांव में घटी हुई. जहां प्रतिबंधित संगठन टीएसपीसी के दो गुटों के सदस्यों के बीच ही वर्चस्व स्थापित करने और कुछ पैसों को लेकर लेनदेन के बाद हिंसक झड़प हो गई.

देवेंद्र गंझू पर 30 से ज्यादा मामले

दूसरी तरफ हिंसक झड़प की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे चतरा के एसपी सुमित कुमार अग्रवाल ने कहा कि आपस में झड़प हुई है. जिसमें दो लोगों की मौत हुई है जिनका पूर्व में टीएसपीसी संगठन से संबंध रहा है. जबकि दो अन्य घायल है, जिन्हें बेहतर इलाज के लिए रांची रेफर किया गया है. एसपी ने बताया कि एक मृतक की पहचान देवेंद्र गंझू के रूप में किया गया है जिस पर 30 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज हैं. जबकि दूसरे मृतक की पहचान चुरामन गंझू के रूप में की गई है.

गोलीबारी में घायल श्याम भोक्ता का नाम एनआईए के आरोपियों की लिस्ट में है जो कि एक मामले वांटेड है. उसके साथ ही उसका साला ब्रह्मदेव भोक्ता उर्फ ​​गोपाल को गोली लगी है और दोनों घायल हैं. पूरी घटना को लेकर पुलिस अनुसंधान में जुट गई है.

वर्चस्व की लड़ाई में गोलीबारी

जबकि स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा है कि प्रतिबंधित संगठन टीएसपीसी का पूर्व कमांडर देवेंद्र गंझू अपने साथियों के साथ रविवार देर रात चतरा जिला के कुंदा थाना क्षेत्र के गेंद्रा गांव स्थित श्याम भोक्ता और उसके साले गोपाल भोक्ता के घर पहुंचा था. जहां देवेंद्र गंझू और श्याम भोक्ता के बीच अफीम के अवैध धंधे समेत के कुछ पैसों को लेकर विवाद हो गया और दोनों के बीच फायरिंग हो गई. इस फायरिंग में देवेंद्र गंझू एवं चुरामन गंझू की मौके पर ही मौत हो गई. जबकि श्याम भोक्ता और गोपाल भोक्ता गंभीर रूप से जख्मी हो गए. हालांकि घटना का असल कारण क्या था यह तो पुलिस की जांच में सामने आएगा.

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